‘तेरे ही भरोसे हनुमान’ से मशहूर हुए सुनील लोधी की आंखों का होगा इलाज, फिल्म की प्रोड्यूसर अनुप्रिया ने उठाई जिम्मेदारी
फिल्म ‘हनुमान अंश’ में भजन ‘मैंने तेरे ही भरोसे हनुमान’ गाकर लोगों के बीच पहचान बनाने वाले गायक सुनील लोधी के लिए अब एक नई उम्मीद जगी है। बचपन से दृष्टिबाधित सुनील की आंखों का इलाज कराने की पहल फिल्म की प्रोड्यूसर अनुप्रिया नागर ने की है। इस पहल में मध्य प्रदेश सरकार की ओर से भी सहयोग मिलने की बात सामने आई है।
जानकारी के मुताबिक, सुनील जब अगली बार मुंबई पहुंचेंगे तो उनकी आंखों की विशेषज्ञ डॉक्टर से विस्तृत जांच कराई जाएगी। इसके बाद मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर आगे के इलाज की दिशा तय होगी। फिलहाल अस्पताल और उपचार की पूरी प्रक्रिया तय नहीं हुई है। नवंबर से इलाज शुरू होने की उम्मीद जताई जा रही है।
सुनील की आस्था ने अनुप्रिया को किया प्रभावित
सुनील लोधी बचपन से ही दृष्टिबाधित हैं, लेकिन इसके बावजूद उन्होंने संगीत के क्षेत्र में अपनी अलग पहचान बनाई। ‘हनुमान अंश’ के भजन ने उन्हें बड़ी संख्या में लोगों तक पहुंचाया। उनकी आवाज और हनुमान जी के प्रति आस्था की भी काफी चर्चा हुई।
फिल्म की प्रोड्यूसर अनुप्रिया नागर के मुताबिक, सुनील से बातचीत के दौरान उनकी सोच और सकारात्मक रवैये ने उन्हें काफी प्रभावित किया। उनका कहना है कि मुश्किलों के बावजूद सुनील अपनी जिंदगी में मिली सफलता और लोगों के प्यार का श्रेय हनुमान जी को देते हैं।
अनुप्रिया ने कहा कि सुनील को देखकर उन्हें लगा कि अगर वह जिंदगी में मिले प्यार और सम्मान को महसूस कर सकते हैं, तो उन्हें दुनिया को अपनी आंखों से देखने का मौका भी मिलना चाहिए। इसी सोच के साथ उन्होंने उनके इलाज में सहयोग करने का फैसला किया।
पहले भी हुई थी जांच की कोशिश
अनुप्रिया के मुताबिक, सुनील जब इससे पहले मुंबई आए थे, तब उनकी आंखों की जांच के लिए विशेषज्ञ डॉक्टर से अपॉइंटमेंट लेने की कोशिश की गई थी। हालांकि, उस समय जांच नहीं हो सकी। अब उनके अगले मुंबई दौरे के दौरान इस प्रक्रिया को पूरा कराने की तैयारी है।
हालांकि, यहां यह साफ करना जरूरी है कि इलाज के बाद सुनील की दृष्टि कितनी सुधर सकती है, इसका पता अभी नहीं है। डॉक्टरों की जांच और मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद ही उनकी आंखों की स्थिति और संभावित उपचार के बारे में सही जानकारी सामने आएगी।
अनुप्रिया बोलीं- भाई की तरह मानती हूं
अनुप्रिया ने सुनील को केवल फिल्म से जुड़े कलाकार के रूप में नहीं, बल्कि अपने भाई की तरह बताया। उनका कहना है कि सुनील के अंदर काफी प्रतिभा है और उनकी मदद करना उन्हें जरूरी लगा।
इलाज के लिए मध्य प्रदेश सरकार की ओर से सहयोग मिलने की बात भी कही गई है। हालांकि, किस अस्पताल में उपचार होगा और किस तरह की मेडिकल प्रक्रिया अपनाई जाएगी, इसका अंतिम फैसला अभी बाकी है।
फिलहाल सुनील लोधी के प्रशंसकों के लिए यह खबर उम्मीद से भरी है। एक तरफ उनकी आवाज ने लोगों का दिल जीता है, तो दूसरी तरफ अब उनकी आंखों के इलाज की पहल ने उनके जीवन में नई रोशनी की उम्मीद पैदा कर दी है।

